डॉ हर्षवर्धन की जीवनी | Dr Harsh Vardhan Biography in Hindi

डॉ हर्षवर्धन की जीवनी | Harsh Vardhan Biography in Hindi जहाँ कुछ लोगों के चलते राजनीतिक से संबंध रखने वालें व्यक्ति इसे बदनाम करने की साजिश रचते रहते है तो वही एक ऐसा भी व्यक्ति हमारें भारत में है, जिनका राजनीतिक में आने एक मुख्य वजह समाज में सुधार और विकास लाना है। उस व्यक्ति को आज भारत सहित दुनिया Dr Harsh Vardhan के नाम से जानती है और इनके व्यक्तित्व विचारों से प्रभावित होते है।

डॉ हर्षवर्धन की जीवनी | Harsh Vardhan Biography in Hindi

इस Biography आर्टिकल में हम आपको हर्षवर्धन की जीवनी | Dr Harsh Vardhan Biography in Hindi के बारें में बताने वालें है। आप भी अपने जीवन में सफल होना चाहते है और समाज में हो रही गलतियाँ को सुधारना चाहते है और उसे विकसित करना चाहते है तब आपको डॉक्टर हर्षवर्धन की जीवनी अवश्य पढ़नी चाहिए, जिससे आप इनके बारें में जान सकते है और कुछ सीख सकते है।

डॉ हर्षवर्धन की जीवनी |Dr Harsh Vardhan Biography in Hindi

नाम डॉक्टर हर्षवर्धन
जन्म 13 दिसंबर 1954
स्थान दिल्ली, भारत
पिता का नाम ओम प्रकाश गोयल
माता का नाम स्नेहलता देवी
प्रारम्भिक शिक्षा एंगलो संस्कृत विक्टोरिया जुबली सीनियर सेकेंडरी स्कूल
उच्च शिक्षा MBBS जी.एस.वी.एम मेडिकल कॉलेज
पद ओटोलर्यनोलोजी चिकित्सक, राजनेता
पार्टी भारतीय जनता पार्टी
पत्नी का नाम नूतन गोयल
बच्चे 3
पुत्र-पुत्री मयंकभर , सचिन , इनाक्षी

वर्तमान में डॉक्टर हर्षवर्धन भारतीय जनता पार्टी (BJP) के राजनेता है इसके साथ ही वह इस राजनीतिक पार्टी का दिल्ली के चांदनी चौक लोकसभा क्षेत्र से सांसद हैं और केंद्रीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी और पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन, पृथ्वी विज्ञान मंत्री के रूप में कार्यरत है। इनकी प्रतिभा को देखते हुये इन्हे विश्व स्वस्थ्य संगठन (WHO) का अध्यक्ष नियुक्त किया गया है जो भारत के लिए गर्व की बात है।

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डॉ हर्षवर्धन का जन्म (Dr Harsh Vardhan Date of birth)

डॉ हर्षवर्धन का जन्म 13 दिसंबर 1954 को दिल्ली में ओम प्रकाश गोयल और स्नेहलता देवी के घर हुआ। इनका परिवार हिन्दू धर्म को मानते है और वैश्य समुदाय से सम्बन्ध रखते हैं। डॉ हर्षवर्धन अपने शुरुआती दिनो से ही डॉ॰ केशव बलिराम हेडगेवार के द्वारा बनाए गए वर्ष 27 सितंबर 1925 को राष्ट्रीय स्वयं सेवक (RSS) के व्यक्तित्व से जुड़े हुये है। जिनसे देश को मजबूत राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री इत्यादि के रूप में बड़े सहायक दिये है।

उन्ही में से एक डॉ हर्षवर्धन भी है। इनके नेतृत्व में विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में तमाम उपलब्धियां हासिल की हैं। पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री के तौर पर इन्होंने पर्यावरण की रक्षा के लिए एक बड़े नागिरक अभियान ‘ग्रीन गुड डीड्स’ की शुरुआत की है। इस अभियान को ब्रिक्स देशों ने अपने आधिकारिक प्रस्ताव में शामिल किया है।    

डॉ हर्षवर्धन की शिक्षा (Dr Harsh Vardhan education)

हर्षवर्धन ने अपनी जीवन की प्रारम्भिक शिक्षा की शुरुआत दिल्ली के दरियागंज से की वहां उन्होंने एंगलो संस्कृत विक्टोरिया जुबली सीनियर सेकेंडरी स्कूल से शिक्षा हासिल की। इसके बाद उन्होंने कानपुर के जी.एस.वी.एम मेडिकल कॉलेज से एमबीबीएस (MBBS) तथा एमएस(MS) की डिग्री हासिल की। उन्होंने इस क्षेत्र में शल्य चिकित्सा में दक्षता हासिल की।

डॉ हर्षवर्धन पेशे से नाक, कान और गले के रोगों के चिकित्सक हैं। दिल्ली में भारतीय जनता पार्टी की सरकार (1993-1998) के दौरान इन्होंने स्वास्थ्य मन्त्री, कानून मन्त्री और शिक्षा मन्त्री सहित राज्य मन्त्रिमण्डल में विभिन्न पदों पर कार्य किया। हर्षवर्धन दिल्ली विधानसभा चुनाव के इतिहास में कभी नहीं हारे हैं।

डॉ हर्षवर्धन की व्यक्तित्व (Dr. Harsh vardhan’s personality)

दुनिया में हर व्यक्ति का विचार और उनका व्यक्तित्व अलग-अलग होती है उसी तरह डॉ हर्षवर्धन का भी personality औरों से अलग है। इनका व्यक्तित्व की बात करें तो यह बहुत ही शांत रहने वालें व्यक्ति है और हर समय नई नई प्रोग्राम्स पर काम करते रहते है जिसका परिणाम स्वरूप यह हुआ कि इनहोने जब पूरी दुनिया में पोलियो बीमारी की संख्या बढ़ रही थी

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तब यह वैश्विक महामारी का रूप धारण कर चुकी थी। इससे निपटने के लिए विश्व स्तर पर कार्य किया जा रहा था। भारत में डॉक्टर हर्षवर्धन स्वास्थ्य मंत्री थे। इनके सामने पोलियो से निपटने की एक गंभीर चुनौती थी। डॉ हर्षवर्धन ने हार नहीं माना, चुनौती को स्वीकार किया और इसका असर यह हुआ की भारत से पोलियो खतम हो गई और भारत को पोलियो मुक्त देश घोषित WHO द्वारा कर दिया गया।

खास बात यह है कि जो विश्व स्वस्थ्य संगठन भारत को पोलियो से लड़ने का हौसला सही से नही जताया, उसी का अध्यक्ष आज भारत के महान डॉ हर्षवर्धन को बनाया गया। इनके नेतित्व में भारत ने Health sector में कई बड़ी उप्लव्धि हासिल की है। इंका व्यक्तित्व कुछ ऐसा है कि एक साधारण इंसान भी इसके साथ सजग महसूस नही करता और ऐसे वार्तालाप करते है जैसे वह पहले भी मिल चुके थे।

डॉ हर्षवर्धन की राजनीतिक जीवन (Dr Harsh Vardhan political life)

इनका मत राजनीतिक में आने का बस यह था कि समाज को विकसित करना और भारत को दुनिया में नई पहचान दिलवाना था। हर्षवर्धन बचपन से ही दक्षिणपन्थी हिन्दू राष्ट्रवादी संगठन राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सदस्य रहे हैं। ये भारतीय जनता पार्टी के टिकट पर 1993 में कृष्णा नगर विधानसभा क्षेत्र से चुने गये थे और दिल्ली की पहली विधानसभा के सदस्य बने।

इन्हें दिल्ली की सरकार में कानून और स्वास्थ्य मन्त्री नियुक्त किया गया। 1996 में ये शिक्षा मन्त्री बने। राज्य के स्वास्थ्य मंत्रालय में अपने समय के दौरान इन्होंने अक्टूबर 1994 में पोलियो उन्मूलन योजना का शुभारम्भ किया। कार्यक्रम सफल रहा और फ़िर इसे भारत सरकार द्वारा पूरे देश भर में अपनाया गया।

पर्यावरण संरक्षण के लिए डॉक्टर हर्षवर्धन प्रतिबद्ध हैं। वह धरती को अपनी मां मानते हुए , सेवा करते हैं। पर्यावरण रक्षा के लिए देशव्यापी कार्य कर रहे हैं। उन्होंने विश्वव्यापी आंदोलन खड़ा किया, जिससे अनेकों लोग जुड़े। आज उनकी शख्सियत विश्व के सौ प्रभावशाली व्यक्तियों में है। विश्व के बड़े-बड़े संगठन डॉक्टर हर्षवर्धन के कार्यों की सराहना करते हैं।

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डॉ हर्षवर्धन रोचक तथ्य | fact about Dr harsh vardhan in hindi

Fact 1. डॉ हर्षवर्धन का जन्म 13 दिसंबर 1954 में हुई थी।

Fact 2. उनके माता का नाम स्नेहलता देवी और पिता का नाम ओम प्रकाश गोयल है।

Fact 3. इनका प्रारंभिक शिक्षा दिल्ली के एंगलो संस्कृत विक्टोरिया जुबली सीनियर सेकेंडरी स्कूल से हासिल किए थे।

Fact 4. इसके बाद उन्होंने कानपुर के जी.एस.वी.एम मेडिकल कॉलेज से एमबीबीएस (MBBS) तथा एमएस(MS) की डिग्री हासिल की।

Fact 5. डॉ हर्षवर्धन पेशे से कान, नाक और गले रोग के विशेज्ञ डॉक्टर के रूप में काम कर चुके है।

Fact 6. यह अपने शुरुआती दिनों से ही राष्ट्रिय स्वयं सेवक संघ से जुड़े रहे है और उनके विचारों से परिपूर्ण है।

Fact 7. वर्तमान में यह भारतीय जनता पार्टी (BJP) के राजनेता है इसके साथ ही वह इस राजनीतिक पार्टी का दिल्ली के चांदनी चौक लोकसभा क्षेत्र से सांसद हैं और केंद्रीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी और पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन, पृथ्वी विज्ञान मंत्री के रूप में कार्यरत है।

Fact 8. इनकी लोकप्रियता और प्रतिभा को देखते हुये इन्हे विश्व स्वस्थ्य संगठन (WHO) का अध्यक्ष नियुक्त किया गया है।

Fact 9. इन्हे कई तरह के अवार्ड जैसे गालिब अकादमी अवार्ड, अग्रवाल रत्न, प्रेसिडेंट स्पेशल अवार्ड ऑफ इंस्पिरेशनल, फेलो ऑफ पैथोलॉजी, अहिंसा सम्मान, नेशनल एनवायरमेंट सेवा सम्मान, डॉ गंगा शरण सिंह राष्ट्रीय सम्मान, के.डी.जी कमेंडेशन मेडल अवार्ड, पोलियो इरेडिकेशन चैंपियन अवार्ड, डॉक्टर ऑफ द लास्ट डिकेड इत्यादि सैंकड़ों तरह के अवार्ड ने इन्हे नवाजा गया है।

Fact 10. डॉक्टर हर्षवर्धन की पत्नी का नाम नूतन हैं और उन दोनों के तीन बच्चे हैं – दो लड़के मयंकभरत और सचिन तथा एक लड़की इनाक्षी। हर्षवर्धन दिल्ली के कृष्णा नगर स्थित अपने पैतृक घर में परिवार सहित रहते हैं।

अंतिम शब्द

आपने इस Article में डॉ हर्षवर्धन की जीवनी | Harsh Vardhan Biography in Hindi के बारें में जाना। आशा करता हूँ आपको यह जानकारी पसंद आई होगी।

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